The Cantonments Act, 2006 290अध्याय XIII · Dogs
धारा 290 · कुत्तों का पंजीकरण और नियंत्रण।
अक्षर आकार — स्तर 1, कुल 4 में से
(1) बोर्ड छावनी के भीतर रखे गए सभी कुत्तों के पंजीकरण के लिए उपनियम बना सकता है।
(2) ऐसे उपनियम—
(क) छावनी में रखे गए सभी कुत्तों का पंजीकरण किसी अधिकृत अधिकारी द्वारा करवाना अनिवार्य करना;
(ख) यह अनिवार्य किया जाए कि प्रत्येक पंजीकृत कुत्ते को एक कॉलर पहनाया जाए जिसमें पंजीकरण प्राधिकरण द्वारा जारी किया जाने वाला एक धातु का टोकन लगा हो, और इसके जारी करने के लिए देय शुल्क निर्धारित किया जाए;
(ग) यह आवश्यक है कि यदि कोई कुत्ता पंजीकृत नहीं है या ऐसा टोकन नहीं पहने हुए है, तो उसे किसी सार्वजनिक स्थान पर रखा जाए; और
(घ) ऐसे हिरासत के लिए वसूले जाने वाले शुल्क को निर्धारित करना और यह प्रावधान करना कि यदि किसी कुत्ते पर दावा नहीं किया जाता है और उसके संबंध में शुल्क एक सप्ताह के भीतर भुगतान नहीं किया जाता है, तो ऐसे किसी कुत्ते को नष्ट कर दिया जाएगा या अन्यथा निपटा दिया जाएगा; और बोर्ड ऐसे अन्य मामलों के लिए भी प्रावधान कर सकता है जिन्हें वह उचित समझे।
(3) मुख्य कार्यकारी अधिकारी कर सकता है--
(क) किसी कुत्ते या अन्य जानवर को नष्ट करवा सकता है, या उसे ऐसी अवधि के लिए कैद में रख सकता है जैसा वह निर्देश दे, जो रेबीज से पीड़ित हो, या जिसके रेबीज से पीड़ित होने का उचित संदेह हो, या जिसे किसी ऐसे कुत्ते या अन्य जानवर ने काटा हो जो रेबीज से पीड़ित हो या जिसके रेबीज से पीड़ित होने का संदेह हो;
(ख) सार्वजनिक सूचना द्वारा यह निर्देश दिया जाए कि सूचना में निर्दिष्ट तिथि के बाद, बिना कॉलर वाले या निजी संपत्ति के रूप में पहचाने जाने वाले चिह्नों के बिना, जो कुत्ते सड़कों पर या उनके मालिकों के घरों की चारदीवारी से बाहर भटकते हुए पाए जाते हैं, उन्हें नष्ट कर दिया जाए, और तदनुसार उन्हें नष्ट करवा दिया जाए।
(4) इस धारा के अंतर्गत नष्ट किए गए या अन्यथा निपटाए गए किसी कुत्ते या अन्य पशु के संबंध में कोई क्षतिपूर्ति देय नहीं होगी।
(5) जो कोई भी, किसी कुत्ते का स्वामी या प्रभारी होते हुए, उसे इस प्रकार नियंत्रित करने में लापरवाही करता है कि वह बिना मुंह पर जाली लगाए और बिना जंजीर से बांधे किसी भी गली में खुला न छूटे, यदि ऐसा होता है तो—
(क) वह जानता है कि कुत्ता किसी व्यक्ति को परेशान या डरा सकता है; या
(ख) रेबीज के प्रकोप के दौरान बोर्ड ने सार्वजनिक सूचना जारी कर निर्देश दिया है कि कुत्तों को बिना मुंह पर जाली और जंजीर के खुला नहीं छोड़ा जाएगा।
इस अपराध के लिए एक हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।
(6) जो कोई छावनी में—
(क) अपने स्वामित्व वाले या अपनी देखरेख में मौजूद किसी भी खूंखार कुत्ते को बिना मुंह पर जाली लगाए खुला छोड़ देता है; या
(ख) किसी कुत्ते या अन्य जानवर को किसी व्यक्ति पर हमला करने, उसे परेशान करने या डराने के लिए उकसाता है या उकसाता है; या
(ग) यह जानते हुए या यह मानने का कारण रखते हुए कि उसके स्वामित्व वाले या उसकी देखरेख में मौजूद किसी कुत्ते या जानवर को रेबीज से पीड़ित या रेबीज से पीड़ित होने का उचित संदेह वाले जानवर ने काट लिया है, वह मुख्य कार्यकारी अधिकारी को इस तथ्य की तत्काल सूचना देने में लापरवाही करता है या झूठी सूचना देता है।
इस अपराध के लिए दो हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।
(2) ऐसे उपनियम—
(क) छावनी में रखे गए सभी कुत्तों का पंजीकरण किसी अधिकृत अधिकारी द्वारा करवाना अनिवार्य करना;
(ख) यह अनिवार्य किया जाए कि प्रत्येक पंजीकृत कुत्ते को एक कॉलर पहनाया जाए जिसमें पंजीकरण प्राधिकरण द्वारा जारी किया जाने वाला एक धातु का टोकन लगा हो, और इसके जारी करने के लिए देय शुल्क निर्धारित किया जाए;
(ग) यह आवश्यक है कि यदि कोई कुत्ता पंजीकृत नहीं है या ऐसा टोकन नहीं पहने हुए है, तो उसे किसी सार्वजनिक स्थान पर रखा जाए; और
(घ) ऐसे हिरासत के लिए वसूले जाने वाले शुल्क को निर्धारित करना और यह प्रावधान करना कि यदि किसी कुत्ते पर दावा नहीं किया जाता है और उसके संबंध में शुल्क एक सप्ताह के भीतर भुगतान नहीं किया जाता है, तो ऐसे किसी कुत्ते को नष्ट कर दिया जाएगा या अन्यथा निपटा दिया जाएगा; और बोर्ड ऐसे अन्य मामलों के लिए भी प्रावधान कर सकता है जिन्हें वह उचित समझे।
(3) मुख्य कार्यकारी अधिकारी कर सकता है--
(क) किसी कुत्ते या अन्य जानवर को नष्ट करवा सकता है, या उसे ऐसी अवधि के लिए कैद में रख सकता है जैसा वह निर्देश दे, जो रेबीज से पीड़ित हो, या जिसके रेबीज से पीड़ित होने का उचित संदेह हो, या जिसे किसी ऐसे कुत्ते या अन्य जानवर ने काटा हो जो रेबीज से पीड़ित हो या जिसके रेबीज से पीड़ित होने का संदेह हो;
(ख) सार्वजनिक सूचना द्वारा यह निर्देश दिया जाए कि सूचना में निर्दिष्ट तिथि के बाद, बिना कॉलर वाले या निजी संपत्ति के रूप में पहचाने जाने वाले चिह्नों के बिना, जो कुत्ते सड़कों पर या उनके मालिकों के घरों की चारदीवारी से बाहर भटकते हुए पाए जाते हैं, उन्हें नष्ट कर दिया जाए, और तदनुसार उन्हें नष्ट करवा दिया जाए।
(4) इस धारा के अंतर्गत नष्ट किए गए या अन्यथा निपटाए गए किसी कुत्ते या अन्य पशु के संबंध में कोई क्षतिपूर्ति देय नहीं होगी।
(5) जो कोई भी, किसी कुत्ते का स्वामी या प्रभारी होते हुए, उसे इस प्रकार नियंत्रित करने में लापरवाही करता है कि वह बिना मुंह पर जाली लगाए और बिना जंजीर से बांधे किसी भी गली में खुला न छूटे, यदि ऐसा होता है तो—
(क) वह जानता है कि कुत्ता किसी व्यक्ति को परेशान या डरा सकता है; या
(ख) रेबीज के प्रकोप के दौरान बोर्ड ने सार्वजनिक सूचना जारी कर निर्देश दिया है कि कुत्तों को बिना मुंह पर जाली और जंजीर के खुला नहीं छोड़ा जाएगा।
इस अपराध के लिए एक हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।
(6) जो कोई छावनी में—
(क) अपने स्वामित्व वाले या अपनी देखरेख में मौजूद किसी भी खूंखार कुत्ते को बिना मुंह पर जाली लगाए खुला छोड़ देता है; या
(ख) किसी कुत्ते या अन्य जानवर को किसी व्यक्ति पर हमला करने, उसे परेशान करने या डराने के लिए उकसाता है या उकसाता है; या
(ग) यह जानते हुए या यह मानने का कारण रखते हुए कि उसके स्वामित्व वाले या उसकी देखरेख में मौजूद किसी कुत्ते या जानवर को रेबीज से पीड़ित या रेबीज से पीड़ित होने का उचित संदेह वाले जानवर ने काट लिया है, वह मुख्य कार्यकारी अधिकारी को इस तथ्य की तत्काल सूचना देने में लापरवाही करता है या झूठी सूचना देता है।
इस अपराध के लिए दो हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।
अपराध एक नज़र में
- जुर्माना
- ₹2,000
- संज्ञेय
- असंज्ञेय
- जमानतीय
- जमानतीय
- विचारण न्यायालय
- कोई भी मजिस्ट्रेट
- असंज्ञेय — पुलिस बिना मजिस्ट्रेट की अनुमति के जाँच नहीं कर सकती
- जमानतीय — जमानत आपका अधिकार है — थाने से भी मिल सकती है
इस धारा की अलग-अलग उपधाराओं में अलग दंड हैं; यहाँ अधिकतम दिखाया गया है।
प्रथम अनुसूची भाग II के नियम से निकाला गया — धारावार सूचीबद्ध नहीं
इस धारा पर आपका निजी नोट
यह नोट सिर्फ़ आप देख सकते हैं।
