NNMC Act 52अध्याय IX · Miscellaneous
धारा 52 · नियम बनाने की शक्ति।
अक्षर आकार — स्तर 1, कुल 4 में से
(1) राष्ट्रीय आयोग, पूर्व प्रकाशन की शर्त के अधीन रहते हुए, इस अधिनियम और इसके अधीन बनाए गए नियमों के अनुरूप इस अधिनियम के प्रावधानों को लागू करने के लिए विनियम बना सकता है।
(2) विशेष रूप से, और पूर्वोक्त शक्ति की व्यापकता पर प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना, ऐसे विनियम निम्नलिखित सभी या किसी भी मामले के लिए प्रावधान कर सकते हैं, अर्थात्:--
(क) धारा 8 की उपधारा (5) के अधीन राष्ट्रीय आयोग के सचिव द्वारा किए जाने वाले कार्य;
(ख) वह प्रक्रिया जिसके अनुसार विशेषज्ञों, सलाहकारों और पेशेवरों को नियुक्त किया जा सकता है तथा धारा 8 की उपधारा (8) के अधीन ऐसे विशेषज्ञों, सलाहकारों और पेशेवरों की संख्या;
(ग) वह प्रक्रिया जिसके अनुसार और धारा 8 की उपधारा (9) के अधीन आयोग की बैठकों के लिए विदेशी देशों से विशेषज्ञों और विषय विशेषज्ञों को आमंत्रित किया जाना है;
(घ) राष्ट्रीय आयोग की बैठकों में अपनाई जाने वाली प्रक्रिया, जिसमें धारा 9 की उपधारा (3) के अधीन उसकी बैठकों में कोरम भी शामिल है;
(ई) शिक्षा के समन्वित एवं एकीकृत विकास तथा सेवाओं के वितरण के मानकों के रखरखाव हेतु उठाए जाने वाले कदम, धारा 10 की उपधारा (1) के अंतर्गत आवधिक संशोधन के साथ;
(f) धारा 10 की उपधारा (2) के अधीन राष्ट्रीय आयोग द्वारा अपने कार्यों के निष्पादन के उद्देश्य;
(जी) धारा 15 के अंतर्गत स्वायत्त बोर्डों को नियुक्त किए गए विशेषज्ञों, सलाहकारों, पेशेवरों, अधिकारियों और अन्य कर्मचारियों की उपलब्धता का तरीका और संख्या, जिनमें धारा 8 के अंतर्गत विदेशी देशों से आमंत्रित विशेषज्ञ और डोमेन विशेषज्ञ शामिल हैं;
(h) धारा 18 की उपधारा (1) के खंड (a) के अधीन स्नातक स्तर और स्नातकोत्तर स्तर पर नर्सिंग और दाईगीरी शिक्षा और परीक्षा की न्यूनतम आवश्यकताओं और मानकों को निर्धारित करने का तरीका;
(i) धारा 18 की उपधारा (1) के खंड (ख) के अधीन स्नातक स्तर और स्नातकोत्तर स्तर पर गतिशील योग्यता आधारित पाठ्यक्रम विकसित करने का तरीका;
(जे) नर्सिंग एवं प्रसूति विज्ञान में स्नातक स्तर और स्नातकोत्तर स्तर पर योग्यताएं निर्धारित करना तथा धारा 18 की उपधारा (1) के खंड (सी) के अधीन अन्य विवरण निर्धारित करना;
(k) देश की आवश्यकताओं और धारा 18 की उपधारा (1) के खंड (d) के अंतर्गत वैश्विक मानदंडों को ध्यान में रखते हुए स्नातक और स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम प्रदान करने हेतु नर्सिंग और मिडवाइफरी संस्थानों की स्थापना के लिए मानक;
(एल) धारा 18 की उपधारा (1) के खंड (ई) के अधीन स्नातक एवं स्नातकोत्तर नर्सिंग एवं दाई शिक्षा प्रदान करने वाले नर्सिंग एवं दाई संस्थानों में बुनियादी ढांचे, संकाय एवं शिक्षा की गुणवत्ता के लिए मानकों एवं मानदंडों को निर्धारित करने का तरीका;
(m) पंजीकृत नर्सिंग एवं मिडवाइफरी पेशेवरों, जिनमें नर्स प्रैक्टिशनर, नर्सिंग एसोसिएट और मिडवाइफरी एसोसिएट शामिल हैं, जिन्होंने नर्सिंग एवं मिडवाइफरी स्नातक एवं स्नातकोत्तर शिक्षा बोर्ड द्वारा खंड (h) के अंतर्गत प्रदान की गई नर्सिंग एवं मिडवाइफरी योग्यता प्राप्त की है, के अभ्यास के मानकों और दायरे को विनियमित करने का तरीका, और धारा 18 की उपधारा (1) के खंड (i) के अंतर्गत राष्ट्रीय आयोग के परामर्श से सीमित नुस्खे देने के अधिकार को विनियमित करने का तरीका;
(n) नर्सिंग एवं मिडवाइफरी स्नातक एवं स्नातकोत्तर शिक्षा बोर्ड द्वारा धारा 19 की उपधारा (1) के खंड (क) के अंतर्गत निर्धारित मानकों के अनुपालन हेतु नर्सिंग एवं मिडवाइफरी संस्थानों के मूल्यांकन एवं रेटिंग की प्रक्रिया निर्धारित करने का तरीका;
(ओ) धारा 19 की उपधारा (1) के खंड (सी) के तहत ऐसे संस्थानों का आकलन और रेटिंग करने के लिए नर्सिंग और प्रसूति संस्थानों के निरीक्षण करने का तरीका;
(पी) धारा 19 की उपधारा (1) के खंड (डी) के तहत खुलने की अवधि के भीतर सभी नर्सिंग और मिडवाइफरी संस्थानों का संचालन, मूल्यांकन और रेटिंग करने के लिए स्वतंत्र रेटिंग एजेंसियों को पैनल में शामिल करने का समय और तरीका, या जहां वह आवश्यक समझे;
(q) धारा 19 की उपधारा (1) के खंड (ई) के अधीन नियमित अंतराल पर नर्सिंग और मिडवाइफरी संस्थानों के आकलन और रेटिंग को वेबसाइट पर या सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कराने का तरीका;
(आर) धारा 19 की उपधारा (1) के खंड (एफ) के तहत नर्सिंग एवं मिडवाइफरी स्नातक एवं स्नातकोत्तर शिक्षा बोर्ड द्वारा निर्दिष्ट न्यूनतम आवश्यक मानकों को बनाए रखने में विफल रहने पर नर्सिंग एवं मिडवाइफरी संस्थान के विरुद्ध चेतावनी जारी करने, मौद्रिक दंड लगाने, प्रवेश कम करने या प्रवेश रोकने तथा मान्यता वापस लेने के लिए राष्ट्रीय आयोग को सिफारिश करने सहित उठाए जाने वाले उपाय;
(एस) धारा 20 की उपधारा (1) के खंड (सी) के अधीन व्यावसायिक आचरण को विनियमित करने और नर्सिंग एवं दाईगिरी नैतिकता को बढ़ावा देने का तरीका;
(टी) धारा 21 की उपधारा (1) के तहत उक्त धारा की उपधारा (2) के तहत अनुमति प्राप्त करने के प्रयोजन से नर्सिंग और मिडवाइफरी मूल्यांकन और रेटिंग बोर्ड को प्रस्ताव प्रस्तुत करने हेतु प्रपत्र, विवरण और शुल्क;
(u) धारा 21 की उपधारा (5) के अधीन राष्ट्रीय आयोग के समक्ष अपील करने का तरीका;
(v) धारा 22 के तहत किसी प्रस्ताव को स्वीकृत या अस्वीकृत करते समय नर्सिंग एवं दाई मूल्यांकन एवं रेटिंग बोर्ड या, जैसा भी मामला हो, राष्ट्रीय आयोग द्वारा विचार किए जाने वाले अन्य कारक, तथा उक्त धारा के अंतर्गत मानदंडों में छूट के लिए पात्र ऐसे क्षेत्रों में स्थापित नर्सिंग एवं दाई संस्थाएँ;
(w) धारा 24 की उपधारा (3) के अंतर्गत किसी पंजीकृत पेशेवर द्वारा किए गए किसी पेशेवर या नैतिक दुराचार के संबंध में राज्य आयोग द्वारा अनुशासनात्मक कार्रवाई करने का तरीका;
(x) धारा 24 की उपधारा (3) के प्रथम परंतुक के अधीन नर्सिंग एवं दाई नैतिकता एवं पंजीकरण बोर्ड द्वारा किसी राज्य में पंजीकृत पेशेवर के विरुद्ध किसी पेशेवर या नैतिक कदाचार से संबंधित शिकायतों एवं आपत्तियों को प्राप्त करने का तरीका;
(y) वे कृत्य या चूक जो धारा 24 की व्याख्या के अंतर्गत व्यावसायिक या नैतिक कदाचार की श्रेणी में आते हों;
(ज़) धारा 25 की उपधारा (1) के अंतर्गत नर्सिंग एवं दाई नैतिकता एवं पंजीकरण बोर्ड द्वारा प्रतिरक्षित ऑनलाइन एवं लाइव राष्ट्रीय रजिस्टर में निर्दिष्ट किए जाने वाले अन्य विवरण;
(ज़) धारा 25 की उपधारा (2) के अधीन राष्ट्रीय रजिस्टर को जिस रूप और तरीके से रखा जाना है;
(ज़ेडबी) वह तरीका जिससे राष्ट्रीय रजिस्टर में कोई नाम या योग्यता जोड़ी जा सकती है या हटाई जा सकती है तथा धारा 25 की उपधारा (3) के तहत उसे जोड़ने या हटाने के आधार;
(जेडसी) वह रूप और तरीका जिससे राष्ट्रीय रजिस्टर को धारा 25 की उपधारा (5) के तहत नर्सिंग और मिडवाइफरी नैतिकता और पंजीकरण बोर्ड की वेबसाइट पर रखकर जनता के लिए उपलब्ध कराया जाएगा;
(ज़ेडडी) किसी मान्यता प्राप्त नर्सिंग एवं दाईगिरी योग्यता प्राप्त व्यक्ति को नर्सिंग एवं दाईगिरी पेशेवर के रूप में पंजीकरण प्रदान करने और धारा 26 की उपधारा (1) के अंतर्गत नर्सिंग एवं दाईगिरी पेशेवरों के लिए राष्ट्रीय रजिस्टर या राज्य रजिस्टर में उसका नाम और योग्यता दर्ज कराने का तरीका;
(ze) धारा 26 की उपधारा (3) के तहत राष्ट्रीय रजिस्टर या राज्य रजिस्टर में उसके नाम के विरुद्ध उपाधि, डिप्लोमा या योग्यता दर्ज कराने का तरीका;
(जेडएफ) धारा 26 की उपधारा (4) के तहत पंजीकरण के नवीनीकरण का तरीका;
(zg) वह अवधि और तरीका जिसमें किसी विदेशी नागरिक को धारा 27 की उपधारा (1) के परंतुक के अधीन भारत में अस्थायी पंजीकरण की अनुमति दी जा सकती है;
(झ) भारत में किसी विश्वविद्यालय या नर्सिंग एवं दाई संस्था द्वारा धारा 28 की उपधारा (1) के अंतर्गत नर्सिंग एवं दाई स्नातक एवं स्नातकोत्तर शिक्षा बोर्ड द्वारा प्रदत्त नर्सिंग एवं दाई योग्यता को सूचीबद्ध करने एवं बनाए रखने का तरीका;
(zi) भारत में किसी विश्वविद्यालय या नर्सिंग एवं दाई संस्था द्वारा धारा 28 की उपधारा (2) के अंतर्गत नर्सिंग एवं दाई स्नातक एवं स्नातकोत्तर शिक्षा बोर्ड द्वारा प्रदत्त नर्सिंग एवं दाई योग्यता को सूचीबद्ध करने एवं बनाए रखने का तरीका;
(ज़ेडजे) धारा 28 की उपधारा (3) के तहत नर्सिंग एवं प्रसूति विज्ञान योग्यता की सभी विशिष्टताओं में स्नातक या स्नातकोत्तर या विशेषता या नैदानिक नर्स विशेषता या नर्स प्रैक्टिशनर पाठ्यक्रम को मान्यता प्रदान करने के लिए आवेदन की जांच का तरीका;
(ज़क) इस अधिनियम के प्रारंभ होने की तिथि से पहले मान्यता प्राप्त सभी नर्सिंग और दाईगीरी योग्यताओं को सूचीबद्ध करने और बनाए रखने का तरीका, जो धारा 28 की उपधारा (7) के अंतर्गत भारतीय नर्सिंग परिषद अधिनियम, 1947 की अनुसूची के भाग I और भाग II में शामिल हैं;
(जेडएल) राष्ट्रीय आयोग द्वारा मान्यता प्राप्त नर्सिंग एवं मिडवाइफरी योग्यता को सूचीबद्ध करने और बनाए रखने का तरीका तथा धारा 29 की उपधारा (2) के तहत ऐसी योग्यता रखने वाले व्यक्ति द्वारा अभ्यास करने का तरीका;
(जेडएम) धारा 29 की उपधारा (4) के तहत दो देशों के बीच नर्सिंग और दाईगीरी पेशेवरों के पारस्परिक पंजीकरण के लिए योग्यताओं की पारस्परिक मान्यता का तरीका;
(zn) पाठ्यक्रम, व्यवहारिक के संदर्भ में समतुल्यता की जांच करने का तरीका।
(जो) वह तरीका जिससे आवश्यक योग्यता रखने वाले व्यक्ति को धारा 32 के दूसरे परंतुक के अधीन अभ्यास करने की अनुमति दी जाएगी;
(जेडपी) धारा 36 की उपधारा (3) के अधीन नर्सिंग और मिडवाइफरी सलाहकार परिषद की बैठकों में अपनाई जाने वाली प्रक्रिया; और
(ज़क) कोई अन्य मामला जिसके संबंध में इस अधिनियम के उद्देश्यों को पूरा करने के लिए विनियमों द्वारा प्रावधान किया जाना है।
(2) विशेष रूप से, और पूर्वोक्त शक्ति की व्यापकता पर प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना, ऐसे विनियम निम्नलिखित सभी या किसी भी मामले के लिए प्रावधान कर सकते हैं, अर्थात्:--
(क) धारा 8 की उपधारा (5) के अधीन राष्ट्रीय आयोग के सचिव द्वारा किए जाने वाले कार्य;
(ख) वह प्रक्रिया जिसके अनुसार विशेषज्ञों, सलाहकारों और पेशेवरों को नियुक्त किया जा सकता है तथा धारा 8 की उपधारा (8) के अधीन ऐसे विशेषज्ञों, सलाहकारों और पेशेवरों की संख्या;
(ग) वह प्रक्रिया जिसके अनुसार और धारा 8 की उपधारा (9) के अधीन आयोग की बैठकों के लिए विदेशी देशों से विशेषज्ञों और विषय विशेषज्ञों को आमंत्रित किया जाना है;
(घ) राष्ट्रीय आयोग की बैठकों में अपनाई जाने वाली प्रक्रिया, जिसमें धारा 9 की उपधारा (3) के अधीन उसकी बैठकों में कोरम भी शामिल है;
(ई) शिक्षा के समन्वित एवं एकीकृत विकास तथा सेवाओं के वितरण के मानकों के रखरखाव हेतु उठाए जाने वाले कदम, धारा 10 की उपधारा (1) के अंतर्गत आवधिक संशोधन के साथ;
(f) धारा 10 की उपधारा (2) के अधीन राष्ट्रीय आयोग द्वारा अपने कार्यों के निष्पादन के उद्देश्य;
(जी) धारा 15 के अंतर्गत स्वायत्त बोर्डों को नियुक्त किए गए विशेषज्ञों, सलाहकारों, पेशेवरों, अधिकारियों और अन्य कर्मचारियों की उपलब्धता का तरीका और संख्या, जिनमें धारा 8 के अंतर्गत विदेशी देशों से आमंत्रित विशेषज्ञ और डोमेन विशेषज्ञ शामिल हैं;
(h) धारा 18 की उपधारा (1) के खंड (a) के अधीन स्नातक स्तर और स्नातकोत्तर स्तर पर नर्सिंग और दाईगीरी शिक्षा और परीक्षा की न्यूनतम आवश्यकताओं और मानकों को निर्धारित करने का तरीका;
(i) धारा 18 की उपधारा (1) के खंड (ख) के अधीन स्नातक स्तर और स्नातकोत्तर स्तर पर गतिशील योग्यता आधारित पाठ्यक्रम विकसित करने का तरीका;
(जे) नर्सिंग एवं प्रसूति विज्ञान में स्नातक स्तर और स्नातकोत्तर स्तर पर योग्यताएं निर्धारित करना तथा धारा 18 की उपधारा (1) के खंड (सी) के अधीन अन्य विवरण निर्धारित करना;
(k) देश की आवश्यकताओं और धारा 18 की उपधारा (1) के खंड (d) के अंतर्गत वैश्विक मानदंडों को ध्यान में रखते हुए स्नातक और स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम प्रदान करने हेतु नर्सिंग और मिडवाइफरी संस्थानों की स्थापना के लिए मानक;
(एल) धारा 18 की उपधारा (1) के खंड (ई) के अधीन स्नातक एवं स्नातकोत्तर नर्सिंग एवं दाई शिक्षा प्रदान करने वाले नर्सिंग एवं दाई संस्थानों में बुनियादी ढांचे, संकाय एवं शिक्षा की गुणवत्ता के लिए मानकों एवं मानदंडों को निर्धारित करने का तरीका;
(m) पंजीकृत नर्सिंग एवं मिडवाइफरी पेशेवरों, जिनमें नर्स प्रैक्टिशनर, नर्सिंग एसोसिएट और मिडवाइफरी एसोसिएट शामिल हैं, जिन्होंने नर्सिंग एवं मिडवाइफरी स्नातक एवं स्नातकोत्तर शिक्षा बोर्ड द्वारा खंड (h) के अंतर्गत प्रदान की गई नर्सिंग एवं मिडवाइफरी योग्यता प्राप्त की है, के अभ्यास के मानकों और दायरे को विनियमित करने का तरीका, और धारा 18 की उपधारा (1) के खंड (i) के अंतर्गत राष्ट्रीय आयोग के परामर्श से सीमित नुस्खे देने के अधिकार को विनियमित करने का तरीका;
(n) नर्सिंग एवं मिडवाइफरी स्नातक एवं स्नातकोत्तर शिक्षा बोर्ड द्वारा धारा 19 की उपधारा (1) के खंड (क) के अंतर्गत निर्धारित मानकों के अनुपालन हेतु नर्सिंग एवं मिडवाइफरी संस्थानों के मूल्यांकन एवं रेटिंग की प्रक्रिया निर्धारित करने का तरीका;
(ओ) धारा 19 की उपधारा (1) के खंड (सी) के तहत ऐसे संस्थानों का आकलन और रेटिंग करने के लिए नर्सिंग और प्रसूति संस्थानों के निरीक्षण करने का तरीका;
(पी) धारा 19 की उपधारा (1) के खंड (डी) के तहत खुलने की अवधि के भीतर सभी नर्सिंग और मिडवाइफरी संस्थानों का संचालन, मूल्यांकन और रेटिंग करने के लिए स्वतंत्र रेटिंग एजेंसियों को पैनल में शामिल करने का समय और तरीका, या जहां वह आवश्यक समझे;
(q) धारा 19 की उपधारा (1) के खंड (ई) के अधीन नियमित अंतराल पर नर्सिंग और मिडवाइफरी संस्थानों के आकलन और रेटिंग को वेबसाइट पर या सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कराने का तरीका;
(आर) धारा 19 की उपधारा (1) के खंड (एफ) के तहत नर्सिंग एवं मिडवाइफरी स्नातक एवं स्नातकोत्तर शिक्षा बोर्ड द्वारा निर्दिष्ट न्यूनतम आवश्यक मानकों को बनाए रखने में विफल रहने पर नर्सिंग एवं मिडवाइफरी संस्थान के विरुद्ध चेतावनी जारी करने, मौद्रिक दंड लगाने, प्रवेश कम करने या प्रवेश रोकने तथा मान्यता वापस लेने के लिए राष्ट्रीय आयोग को सिफारिश करने सहित उठाए जाने वाले उपाय;
(एस) धारा 20 की उपधारा (1) के खंड (सी) के अधीन व्यावसायिक आचरण को विनियमित करने और नर्सिंग एवं दाईगिरी नैतिकता को बढ़ावा देने का तरीका;
(टी) धारा 21 की उपधारा (1) के तहत उक्त धारा की उपधारा (2) के तहत अनुमति प्राप्त करने के प्रयोजन से नर्सिंग और मिडवाइफरी मूल्यांकन और रेटिंग बोर्ड को प्रस्ताव प्रस्तुत करने हेतु प्रपत्र, विवरण और शुल्क;
(u) धारा 21 की उपधारा (5) के अधीन राष्ट्रीय आयोग के समक्ष अपील करने का तरीका;
(v) धारा 22 के तहत किसी प्रस्ताव को स्वीकृत या अस्वीकृत करते समय नर्सिंग एवं दाई मूल्यांकन एवं रेटिंग बोर्ड या, जैसा भी मामला हो, राष्ट्रीय आयोग द्वारा विचार किए जाने वाले अन्य कारक, तथा उक्त धारा के अंतर्गत मानदंडों में छूट के लिए पात्र ऐसे क्षेत्रों में स्थापित नर्सिंग एवं दाई संस्थाएँ;
(w) धारा 24 की उपधारा (3) के अंतर्गत किसी पंजीकृत पेशेवर द्वारा किए गए किसी पेशेवर या नैतिक दुराचार के संबंध में राज्य आयोग द्वारा अनुशासनात्मक कार्रवाई करने का तरीका;
(x) धारा 24 की उपधारा (3) के प्रथम परंतुक के अधीन नर्सिंग एवं दाई नैतिकता एवं पंजीकरण बोर्ड द्वारा किसी राज्य में पंजीकृत पेशेवर के विरुद्ध किसी पेशेवर या नैतिक कदाचार से संबंधित शिकायतों एवं आपत्तियों को प्राप्त करने का तरीका;
(y) वे कृत्य या चूक जो धारा 24 की व्याख्या के अंतर्गत व्यावसायिक या नैतिक कदाचार की श्रेणी में आते हों;
(ज़) धारा 25 की उपधारा (1) के अंतर्गत नर्सिंग एवं दाई नैतिकता एवं पंजीकरण बोर्ड द्वारा प्रतिरक्षित ऑनलाइन एवं लाइव राष्ट्रीय रजिस्टर में निर्दिष्ट किए जाने वाले अन्य विवरण;
(ज़) धारा 25 की उपधारा (2) के अधीन राष्ट्रीय रजिस्टर को जिस रूप और तरीके से रखा जाना है;
(ज़ेडबी) वह तरीका जिससे राष्ट्रीय रजिस्टर में कोई नाम या योग्यता जोड़ी जा सकती है या हटाई जा सकती है तथा धारा 25 की उपधारा (3) के तहत उसे जोड़ने या हटाने के आधार;
(जेडसी) वह रूप और तरीका जिससे राष्ट्रीय रजिस्टर को धारा 25 की उपधारा (5) के तहत नर्सिंग और मिडवाइफरी नैतिकता और पंजीकरण बोर्ड की वेबसाइट पर रखकर जनता के लिए उपलब्ध कराया जाएगा;
(ज़ेडडी) किसी मान्यता प्राप्त नर्सिंग एवं दाईगिरी योग्यता प्राप्त व्यक्ति को नर्सिंग एवं दाईगिरी पेशेवर के रूप में पंजीकरण प्रदान करने और धारा 26 की उपधारा (1) के अंतर्गत नर्सिंग एवं दाईगिरी पेशेवरों के लिए राष्ट्रीय रजिस्टर या राज्य रजिस्टर में उसका नाम और योग्यता दर्ज कराने का तरीका;
(ze) धारा 26 की उपधारा (3) के तहत राष्ट्रीय रजिस्टर या राज्य रजिस्टर में उसके नाम के विरुद्ध उपाधि, डिप्लोमा या योग्यता दर्ज कराने का तरीका;
(जेडएफ) धारा 26 की उपधारा (4) के तहत पंजीकरण के नवीनीकरण का तरीका;
(zg) वह अवधि और तरीका जिसमें किसी विदेशी नागरिक को धारा 27 की उपधारा (1) के परंतुक के अधीन भारत में अस्थायी पंजीकरण की अनुमति दी जा सकती है;
(झ) भारत में किसी विश्वविद्यालय या नर्सिंग एवं दाई संस्था द्वारा धारा 28 की उपधारा (1) के अंतर्गत नर्सिंग एवं दाई स्नातक एवं स्नातकोत्तर शिक्षा बोर्ड द्वारा प्रदत्त नर्सिंग एवं दाई योग्यता को सूचीबद्ध करने एवं बनाए रखने का तरीका;
(zi) भारत में किसी विश्वविद्यालय या नर्सिंग एवं दाई संस्था द्वारा धारा 28 की उपधारा (2) के अंतर्गत नर्सिंग एवं दाई स्नातक एवं स्नातकोत्तर शिक्षा बोर्ड द्वारा प्रदत्त नर्सिंग एवं दाई योग्यता को सूचीबद्ध करने एवं बनाए रखने का तरीका;
(ज़ेडजे) धारा 28 की उपधारा (3) के तहत नर्सिंग एवं प्रसूति विज्ञान योग्यता की सभी विशिष्टताओं में स्नातक या स्नातकोत्तर या विशेषता या नैदानिक नर्स विशेषता या नर्स प्रैक्टिशनर पाठ्यक्रम को मान्यता प्रदान करने के लिए आवेदन की जांच का तरीका;
(ज़क) इस अधिनियम के प्रारंभ होने की तिथि से पहले मान्यता प्राप्त सभी नर्सिंग और दाईगीरी योग्यताओं को सूचीबद्ध करने और बनाए रखने का तरीका, जो धारा 28 की उपधारा (7) के अंतर्गत भारतीय नर्सिंग परिषद अधिनियम, 1947 की अनुसूची के भाग I और भाग II में शामिल हैं;
(जेडएल) राष्ट्रीय आयोग द्वारा मान्यता प्राप्त नर्सिंग एवं मिडवाइफरी योग्यता को सूचीबद्ध करने और बनाए रखने का तरीका तथा धारा 29 की उपधारा (2) के तहत ऐसी योग्यता रखने वाले व्यक्ति द्वारा अभ्यास करने का तरीका;
(जेडएम) धारा 29 की उपधारा (4) के तहत दो देशों के बीच नर्सिंग और दाईगीरी पेशेवरों के पारस्परिक पंजीकरण के लिए योग्यताओं की पारस्परिक मान्यता का तरीका;
(zn) पाठ्यक्रम, व्यवहारिक के संदर्भ में समतुल्यता की जांच करने का तरीका।
(जो) वह तरीका जिससे आवश्यक योग्यता रखने वाले व्यक्ति को धारा 32 के दूसरे परंतुक के अधीन अभ्यास करने की अनुमति दी जाएगी;
(जेडपी) धारा 36 की उपधारा (3) के अधीन नर्सिंग और मिडवाइफरी सलाहकार परिषद की बैठकों में अपनाई जाने वाली प्रक्रिया; और
(ज़क) कोई अन्य मामला जिसके संबंध में इस अधिनियम के उद्देश्यों को पूरा करने के लिए विनियमों द्वारा प्रावधान किया जाना है।
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