The Railways Act, 1989 71अध्याय IX · Carriage of Goods
धारा 71 · कुछ वस्तुओं के परिवहन के संबंध में निर्देश देने का अधिकार।
अक्षर आकार — स्तर 1, कुल 4 में से
(1) यदि केंद्र सरकार को यह प्रतीत हो कि जनहित में ऐसा करना आवश्यक है, तो वह सामान्य या विशेष आदेश द्वारा किसी रेल प्रशासन को निर्देश दे सकती है--
(क) केंद्र सरकार या किसी राज्य सरकार द्वारा या उन्हें भेजे गए ऐसे माल या माल के वर्ग या ऐसे अन्य माल या माल के वर्ग के परिवहन के लिए विशेष सुविधाएँ देना या वरीयता देना;
(ख) किसी भी प्रकार के माल या माल के वर्ग को ऐसे मार्ग या मार्गों से और ऐसी दरों पर ले जाना;
(ग) ऐसे माल या माल के वर्ग को परिवहन के लिए ऐसे स्टेशन पर या ऐसे स्टेशन तक स्वीकार करने से प्रतिबंधित करना या इनकार करना, जैसा कि आदेश में निर्दिष्ट किया जा सकता है।
(2) उपधारा (1) के अधीन पारित कोई भी आदेश, ऐसे आदेश की तिथि से एक वर्ष की अवधि समाप्त होने के बाद प्रभावी नहीं रहेगा, परन्तु ऐसे ही किसी आदेश द्वारा समय-समय पर अधिकतम एक वर्ष की अवधि के लिए नवीनीकृत किया जा सकता है, जैसा कि आदेश में निर्दिष्ट किया गया हो।
(3) इस अधिनियम में किसी बात के होते हुए भी, प्रत्येक रेल प्रशासन उपधारा (1) के अधीन दिए गए किसी भी आदेश का पालन करने के लिए बाध्य होगा और किसी रेल प्रशासन द्वारा ऐसे किसी आदेश के अनुसरण में की गई कोई भी कार्रवाई धारा 70 का उल्लंघन नहीं मानी जाएगी।
(क) केंद्र सरकार या किसी राज्य सरकार द्वारा या उन्हें भेजे गए ऐसे माल या माल के वर्ग या ऐसे अन्य माल या माल के वर्ग के परिवहन के लिए विशेष सुविधाएँ देना या वरीयता देना;
(ख) किसी भी प्रकार के माल या माल के वर्ग को ऐसे मार्ग या मार्गों से और ऐसी दरों पर ले जाना;
(ग) ऐसे माल या माल के वर्ग को परिवहन के लिए ऐसे स्टेशन पर या ऐसे स्टेशन तक स्वीकार करने से प्रतिबंधित करना या इनकार करना, जैसा कि आदेश में निर्दिष्ट किया जा सकता है।
(2) उपधारा (1) के अधीन पारित कोई भी आदेश, ऐसे आदेश की तिथि से एक वर्ष की अवधि समाप्त होने के बाद प्रभावी नहीं रहेगा, परन्तु ऐसे ही किसी आदेश द्वारा समय-समय पर अधिकतम एक वर्ष की अवधि के लिए नवीनीकृत किया जा सकता है, जैसा कि आदेश में निर्दिष्ट किया गया हो।
(3) इस अधिनियम में किसी बात के होते हुए भी, प्रत्येक रेल प्रशासन उपधारा (1) के अधीन दिए गए किसी भी आदेश का पालन करने के लिए बाध्य होगा और किसी रेल प्रशासन द्वारा ऐसे किसी आदेश के अनुसरण में की गई कोई भी कार्रवाई धारा 70 का उल्लंघन नहीं मानी जाएगी।
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