The Aadhaar (Targeted Delivery of Financial and Other Subsidies, Benefits and Services) Act, 2016. 33Bअध्याय VIA · Civil Penalties
धारा 33B · निर्णय करने की शक्ति।
अक्षर आकार — स्तर 1, कुल 4 में से
1 [33ख. निर्णय करने की शक्ति. --- (1) धारा 33क के तहत निर्णय करने और उसके तहत दंड लगाने के प्रयोजनों के लिए, प्राधिकरण, प्राधिकरण के किसी अधिकारी को, जो भारत सरकार के संयुक्त सचिव के पद से कमतर न हो और जिसके पास ऐसी योग्यता एवं अनुभव हो जैसा निर्धारित किया जाए, निर्णय अधिकारी नियुक्त करेगा, जो निर्धारित तरीके से जांच करेगा।
(2) उपधारा (1) के अंतर्गत कोई भी जाँच प्राधिकरण द्वारा की गई शिकायत के बिना प्रारंभ नहीं की जाएगी।
(3) जांच करते समय, निर्णय अधिकारी निम्नलिखित कार्य करेगा---
(क) आधार प्रणाली में जिस इकाई के विरुद्ध शिकायत की गई है, उसे सुनवाई का अवसर प्रदान करना;
(ख) मामले के तथ्यों और परिस्थितियों से परिचित किसी भी व्यक्ति को साक्ष्य देने या कोई दस्तावेज प्रस्तुत करने के लिए बुलाने और उसकी उपस्थिति को लागू करने का अधिकार होगा, जो निर्णय अधिकारी की राय में जांच के विषय के लिए उपयोगी या प्रासंगिक हो सकता है।
(4) यदि निर्णय अधिकारी, ऐसी जाँच पर, संतुष्ट हो कि आधार प्रणाली में शामिल इकाई इस अधिनियम या इसके अंतर्गत बनाए गए नियमों या विनियमों के किसी प्रावधान का या प्राधिकरण द्वारा धारा 23ए के तहत जारी किए गए निर्देशों का अनुपालन करने में विफल रही है, या प्राधिकरण द्वारा अपेक्षित किसी सूचना, दस्तावेज या रिपोर्ट प्रस्तुत करने में विफल रही है, तो निर्णय अधिकारी आदेश द्वारा धारा 33ए के अंतर्गत ऐसा दंड लगा सकता है जैसा वह उचित समझे।]
(2) उपधारा (1) के अंतर्गत कोई भी जाँच प्राधिकरण द्वारा की गई शिकायत के बिना प्रारंभ नहीं की जाएगी।
(3) जांच करते समय, निर्णय अधिकारी निम्नलिखित कार्य करेगा---
(क) आधार प्रणाली में जिस इकाई के विरुद्ध शिकायत की गई है, उसे सुनवाई का अवसर प्रदान करना;
(ख) मामले के तथ्यों और परिस्थितियों से परिचित किसी भी व्यक्ति को साक्ष्य देने या कोई दस्तावेज प्रस्तुत करने के लिए बुलाने और उसकी उपस्थिति को लागू करने का अधिकार होगा, जो निर्णय अधिकारी की राय में जांच के विषय के लिए उपयोगी या प्रासंगिक हो सकता है।
(4) यदि निर्णय अधिकारी, ऐसी जाँच पर, संतुष्ट हो कि आधार प्रणाली में शामिल इकाई इस अधिनियम या इसके अंतर्गत बनाए गए नियमों या विनियमों के किसी प्रावधान का या प्राधिकरण द्वारा धारा 23ए के तहत जारी किए गए निर्देशों का अनुपालन करने में विफल रही है, या प्राधिकरण द्वारा अपेक्षित किसी सूचना, दस्तावेज या रिपोर्ट प्रस्तुत करने में विफल रही है, तो निर्णय अधिकारी आदेश द्वारा धारा 33ए के अंतर्गत ऐसा दंड लगा सकता है जैसा वह उचित समझे।]
इस धारा पर आपका निजी नोट
यह नोट सिर्फ़ आप देख सकते हैं।
