IIIT Act 4अध्याय II · The Institutes
धारा 4 · संस्थानों का निगमन।
अक्षर आकार — स्तर 1, कुल 4 में से
(1) इस अधिनियम के प्रारंभ होने पर, प्रत्येक विद्यमान संस्थान अनुसूची के स्तंभ (5) में उल्लिखित नाम से निगमित निकाय होगा।
(2) नियुक्त दिन से, धारा 11 के तहत स्थापित किया जाने वाला कोई अन्य सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान, केंद्र सरकार द्वारा अधिसूचना के माध्यम से निर्दिष्ट नाम से निगमित निकाय होगा।
(3) प्रत्येक मौजूदा संस्थान या उपधारा (2) के तहत स्थापित कोई भी संस्थान शाश्वत उत्तराधिकार और एक सामान्य मुहर रखेगा, और इस अधिनियम के प्रावधानों के अधीन रहते हुए, चल और अचल दोनों प्रकार की संपत्ति प्राप्त करने, रखने और निपटाने तथा अनुबंध करने का अधिकार रखेगा, और अपने नाम से मुकदमा कर सकता है या उस पर मुकदमा किया जा सकता है।
(2) नियुक्त दिन से, धारा 11 के तहत स्थापित किया जाने वाला कोई अन्य सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान, केंद्र सरकार द्वारा अधिसूचना के माध्यम से निर्दिष्ट नाम से निगमित निकाय होगा।
(3) प्रत्येक मौजूदा संस्थान या उपधारा (2) के तहत स्थापित कोई भी संस्थान शाश्वत उत्तराधिकार और एक सामान्य मुहर रखेगा, और इस अधिनियम के प्रावधानों के अधीन रहते हुए, चल और अचल दोनों प्रकार की संपत्ति प्राप्त करने, रखने और निपटाने तथा अनुबंध करने का अधिकार रखेगा, और अपने नाम से मुकदमा कर सकता है या उस पर मुकदमा किया जा सकता है।
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