CAF Act 11अध्याय III · Constitution of National Authority and State Authorities
धारा 11 · राज्य प्राधिकरण की संचालन समिति और कार्यकारी समिति।
अक्षर आकार — स्तर 1, कुल 4 में से
(1) राज्य प्राधिकरण का शासी निकाय अधिनियम के अधीन अपने कार्यों और शक्तियों के निष्पादन में संचालन समिति और कार्यकारी समिति द्वारा सहायता प्राप्त करेगा।
(2) राज्य प्राधिकरण की संचालन समिति में निम्नलिखित सदस्य होंगे, अर्थात्:—
(i) मुख्य सचिव— पदेन अध्यक्ष;
(ii) वन, पर्यावरण, वित्त, योजना, ग्रामीण विकास, राजस्व, कृषि, जनजातीय विकास, पंचायती राज, विज्ञान और प्रौद्योगिकी से संबंधित विभागों के प्रधान सचिव - पदेन सदस्य;
(iii) प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन बल प्रमुख)—पदेन सदस्य ;
(iv) मुख्य वन्यजीव वार्डन— पदेन सदस्य;
(v) नोडल अधिकारी, वन (संरक्षण) अधिनियम, 1980 (1980 का 69) सदस्य, पदेन ;
(vi) पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय के संबंधित क्षेत्रीय कार्यालय का प्रमुख - पदेन सदस्य;
(vii) नोडल अधिकारी, राज्य वन विकास एजेंसी— पदेन सदस्य;
(viii) राज्य सरकार द्वारा नियुक्त जनजातीय मामलों का विशेषज्ञ या जनजातीय समुदायों का प्रतिनिधि—सदस्य;
(ix) मुख्य कार्यकारी अधिकारी, राज्य प्राधिकरण—सदस्य-सचिव।
(3) राज्य प्राधिकरण की कार्यकारी समिति में निम्नलिखित सदस्य होंगे, अर्थात्:—
(i) प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन बल प्रमुख) - अध्यक्ष, पदेन ;
(ii) मुख्य वन्यजीव वार्डन— पदेन सदस्य;
(iii) वन एवं वन्यजीव संबंधी योजनाओं से संबंधित मुख्य वन संरक्षक के पद से नीचे का अधिकारी नहीं— पदेन सदस्य;
(iv) वन अनुसंधान से संबंधित मुख्य वन संरक्षक के पद से नीचे का अधिकारी नहीं— पदेन सदस्य;
(v) नोडल अधिकारी, राज्य वन विकास एजेंसी— पदेन सदस्य;
(vi) पर्यावरण, वित्त, योजना, ग्रामीण विकास, राजस्व, कृषि, जनजातीय विकास, पंचायती राज, विज्ञान और प्रौद्योगिकी से संबंधित विभागों में से प्रत्येक का एक प्रतिनिधि - पदेन सदस्य;
(vii) वित्त विभाग द्वारा नामित वित्तीय नियंत्रक या वित्तीय सलाहकार— पदेन सदस्य;
(viii) राज्य सरकार द्वारा नियुक्त किए जाने वाले दो प्रतिष्ठित गैर-सरकारी संगठन— सदस्य;
(ix) जिला स्तरीय पंचायती राज संस्थाओं के दो प्रतिनिधि राज्य सरकार द्वारा नियुक्त किए जाएंगे—सदस्य;
(x) राज्य सरकार द्वारा नियुक्त जनजातीय मामलों का विशेषज्ञ या जनजातीय समुदाय का प्रतिनिधि—सदस्य;
(xi) मुख्य कार्यकारी अधिकारी, राज्य प्राधिकरण—सदस्य-सचिव।
(4) राज्य प्राधिकरण, इस अधिनियम के अंतर्गत अपने कार्यों के निष्पादन में संचालन समिति और कार्यकारी समिति की सहायता के लिए, अधिकतम पाँच वर्ष की अवधि के लिए निम्नलिखित अधिकारियों को नियुक्त कर सकता है, अर्थात्:—
(i) संयुक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जिसका पद वन संरक्षक के पद से कम न हो;
(ii) राज्य सरकार में उप सचिव के पद से कम रैंक का वित्तीय सलाहकार एवं मुख्य लेखा अधिकारी;
(iii) उप मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जिसका पद वन उप संरक्षक के पद से कम न हो।
(5) राज्य प्राधिकरण का शासी निकाय राज्य सरकार की पूर्व सहमति से राज्य प्राधिकरण में सहायक वन संरक्षक और अन्य अधिकारियों के स्तर पर पद सृजित कर सकता है ताकि अधिनियम के तहत अपने कार्यों के निष्पादन में संचालन समिति और कार्यकारी समिति की सहायता की जा सके।
(2) राज्य प्राधिकरण की संचालन समिति में निम्नलिखित सदस्य होंगे, अर्थात्:—
(i) मुख्य सचिव— पदेन अध्यक्ष;
(ii) वन, पर्यावरण, वित्त, योजना, ग्रामीण विकास, राजस्व, कृषि, जनजातीय विकास, पंचायती राज, विज्ञान और प्रौद्योगिकी से संबंधित विभागों के प्रधान सचिव - पदेन सदस्य;
(iii) प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन बल प्रमुख)—पदेन सदस्य ;
(iv) मुख्य वन्यजीव वार्डन— पदेन सदस्य;
(v) नोडल अधिकारी, वन (संरक्षण) अधिनियम, 1980 (1980 का 69) सदस्य, पदेन ;
(vi) पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय के संबंधित क्षेत्रीय कार्यालय का प्रमुख - पदेन सदस्य;
(vii) नोडल अधिकारी, राज्य वन विकास एजेंसी— पदेन सदस्य;
(viii) राज्य सरकार द्वारा नियुक्त जनजातीय मामलों का विशेषज्ञ या जनजातीय समुदायों का प्रतिनिधि—सदस्य;
(ix) मुख्य कार्यकारी अधिकारी, राज्य प्राधिकरण—सदस्य-सचिव।
(3) राज्य प्राधिकरण की कार्यकारी समिति में निम्नलिखित सदस्य होंगे, अर्थात्:—
(i) प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन बल प्रमुख) - अध्यक्ष, पदेन ;
(ii) मुख्य वन्यजीव वार्डन— पदेन सदस्य;
(iii) वन एवं वन्यजीव संबंधी योजनाओं से संबंधित मुख्य वन संरक्षक के पद से नीचे का अधिकारी नहीं— पदेन सदस्य;
(iv) वन अनुसंधान से संबंधित मुख्य वन संरक्षक के पद से नीचे का अधिकारी नहीं— पदेन सदस्य;
(v) नोडल अधिकारी, राज्य वन विकास एजेंसी— पदेन सदस्य;
(vi) पर्यावरण, वित्त, योजना, ग्रामीण विकास, राजस्व, कृषि, जनजातीय विकास, पंचायती राज, विज्ञान और प्रौद्योगिकी से संबंधित विभागों में से प्रत्येक का एक प्रतिनिधि - पदेन सदस्य;
(vii) वित्त विभाग द्वारा नामित वित्तीय नियंत्रक या वित्तीय सलाहकार— पदेन सदस्य;
(viii) राज्य सरकार द्वारा नियुक्त किए जाने वाले दो प्रतिष्ठित गैर-सरकारी संगठन— सदस्य;
(ix) जिला स्तरीय पंचायती राज संस्थाओं के दो प्रतिनिधि राज्य सरकार द्वारा नियुक्त किए जाएंगे—सदस्य;
(x) राज्य सरकार द्वारा नियुक्त जनजातीय मामलों का विशेषज्ञ या जनजातीय समुदाय का प्रतिनिधि—सदस्य;
(xi) मुख्य कार्यकारी अधिकारी, राज्य प्राधिकरण—सदस्य-सचिव।
(4) राज्य प्राधिकरण, इस अधिनियम के अंतर्गत अपने कार्यों के निष्पादन में संचालन समिति और कार्यकारी समिति की सहायता के लिए, अधिकतम पाँच वर्ष की अवधि के लिए निम्नलिखित अधिकारियों को नियुक्त कर सकता है, अर्थात्:—
(i) संयुक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जिसका पद वन संरक्षक के पद से कम न हो;
(ii) राज्य सरकार में उप सचिव के पद से कम रैंक का वित्तीय सलाहकार एवं मुख्य लेखा अधिकारी;
(iii) उप मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जिसका पद वन उप संरक्षक के पद से कम न हो।
(5) राज्य प्राधिकरण का शासी निकाय राज्य सरकार की पूर्व सहमति से राज्य प्राधिकरण में सहायक वन संरक्षक और अन्य अधिकारियों के स्तर पर पद सृजित कर सकता है ताकि अधिनियम के तहत अपने कार्यों के निष्पादन में संचालन समिति और कार्यकारी समिति की सहायता की जा सके।
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