Copyright Act 65Aअध्याय XIII · Offences
धारा 65A · प्रौद्योगिक उपायों का संरक्षण
अक्षर आकार — स्तर 1, कुल 4 में से
(1) ऐसा कोई व्यक्ति, जो इस अधिनियम द्वारा प्रदत्त अधिकारों में से किसी अधिकार के संरक्षण के प्रयोजन के लिए, उपयोजित प्रभावी प्रौद्योगिक उपायों की, ऐसे अधिकारों का अतिलंघन करने के आशय से, परिवंचना करेगा, कारावास से, जो दो वर्ष तक का हो सकेगा, दण्डनीय होगा और जुर्माना के लिए भी दंडनीय होगा ।
(2) उपधारा (1) की कोई बात किसी व्यक्ति को, -
(क) ऐसे किसी प्रयोजन के लिए, जो इस अधिनियम द्वारा अभिव्यक्त रूप से प्रतिषिद्ध नहीं है उसमें निर्दिष्ट किसी बात को करने से निवारित नहीं करेगी:
परंतु ऐसा कोई व्यक्ति, जो ऐसे किसी प्रयोजन के लिए किसी अन्य व्यक्ति द्वारा किसी प्रौद्योगिक उपाय की परिवंचना को सुकर बनाता है, ऐसे अन्य व्यक्ति का सम्पूर्ण अभिलेख रखेगा, जिसके अंतर्गत उसका नाम, पता और वे सभी सुसंगत विशिष्टियां, जो उसकी पहचान के लिए आवश्यक हों और वह प्रयोजन, जिसके लिए उसे सुकर बनाया गया है, हो; या
(ख) ऐसी कोई बात करने से निवारित नहीं करेगी जो विधिमान्य रूप से अभिप्राप्त किसी कूटकृत प्रति का प्रयोग करते हुए कूटकरण अनुसंधान करने के लिए आवश्यक हों; या
(ग) कोई विधिपूर्ण अन्वेषण करने से निवारित नहीं करेगी; या
(घ) ऐसी कोई बात करने से निवारित नहीं करेगी, जो किसी कम्प्यूटर प्रणाली या किसी कम्प्यूटर नेटवर्क की, उसके स्वामी के प्राधिकार से सुरक्षा की जांच करने के प्रयोजन के लिए आवश्यक हो; या
(ङ) प्रचालन से निवारित नहीं करेगी; या
(च) ऐसी कोई बात करने से निवारित नहीं करेगी, जो किसी उपयोक्ता की पहचान या निगरानी के लिए आशयित प्रौद्योगिक उपायों की परिवंचना करने के लिए आवश्यक हो; या
(छ) राष्ट्रीय सुरक्षा के हित में आवश्यक उपाय करने से निवारित नहीं करेगी ।
(2) उपधारा (1) की कोई बात किसी व्यक्ति को, -
(क) ऐसे किसी प्रयोजन के लिए, जो इस अधिनियम द्वारा अभिव्यक्त रूप से प्रतिषिद्ध नहीं है उसमें निर्दिष्ट किसी बात को करने से निवारित नहीं करेगी:
परंतु ऐसा कोई व्यक्ति, जो ऐसे किसी प्रयोजन के लिए किसी अन्य व्यक्ति द्वारा किसी प्रौद्योगिक उपाय की परिवंचना को सुकर बनाता है, ऐसे अन्य व्यक्ति का सम्पूर्ण अभिलेख रखेगा, जिसके अंतर्गत उसका नाम, पता और वे सभी सुसंगत विशिष्टियां, जो उसकी पहचान के लिए आवश्यक हों और वह प्रयोजन, जिसके लिए उसे सुकर बनाया गया है, हो; या
(ख) ऐसी कोई बात करने से निवारित नहीं करेगी जो विधिमान्य रूप से अभिप्राप्त किसी कूटकृत प्रति का प्रयोग करते हुए कूटकरण अनुसंधान करने के लिए आवश्यक हों; या
(ग) कोई विधिपूर्ण अन्वेषण करने से निवारित नहीं करेगी; या
(घ) ऐसी कोई बात करने से निवारित नहीं करेगी, जो किसी कम्प्यूटर प्रणाली या किसी कम्प्यूटर नेटवर्क की, उसके स्वामी के प्राधिकार से सुरक्षा की जांच करने के प्रयोजन के लिए आवश्यक हो; या
(ङ) प्रचालन से निवारित नहीं करेगी; या
(च) ऐसी कोई बात करने से निवारित नहीं करेगी, जो किसी उपयोक्ता की पहचान या निगरानी के लिए आशयित प्रौद्योगिक उपायों की परिवंचना करने के लिए आवश्यक हो; या
(छ) राष्ट्रीय सुरक्षा के हित में आवश्यक उपाय करने से निवारित नहीं करेगी ।
अपराध एक नज़र में
- अधिकतम दंड
- 2 वर्ष
- जुर्माना
- जुर्माना — कोई विधिक सीमा नहीं, न्यायालय तय करेगा
- संज्ञेय
- असंज्ञेय
- जमानतीय
- जमानतीय
- समझौता योग्य
- समझौता योग्य नहीं
- विचारण न्यायालय
- कोई भी मजिस्ट्रेट
- असंज्ञेय — पुलिस बिना मजिस्ट्रेट की अनुमति के जाँच नहीं कर सकती
- जमानतीय — जमानत आपका अधिकार है — थाने से भी मिल सकती है
प्रथम अनुसूची भाग II के नियम से निकाला गया — धारावार सूचीबद्ध नहीं
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