NMC Act 31अध्याय V · Autonomous Boards
धारा 31 · राष्ट्रीय रजिस्टर और राज्य रजिस्टर।
अक्षर आकार — स्तर 1, कुल 4 में से
(1) नैतिकता एवं चिकित्सा पंजीकरण बोर्ड एक राष्ट्रीय रजिस्टर बनाए रखेगा जिसमें लाइसेंस प्राप्त चिकित्सा व्यवसायी का नाम, पता, सभी मान्यता प्राप्त योग्यताएं और विनियमों द्वारा निर्दिष्ट अन्य विवरण शामिल होंगे।
(2) राष्ट्रीय रजिस्टर को ऐसे रूप में, इलेक्ट्रॉनिक रूप सहित, ऐसे तरीके से रखा जाएगा, जैसा कि विनियमों द्वारा निर्दिष्ट किया जा सकता है।
(3) राष्ट्रीय रजिस्टर में नाम या योग्यता जोड़ने या हटाने का तरीका और उसे हटाने के आधार ऐसे होंगे जैसे विनियमों द्वारा निर्दिष्ट किए जा सकते हैं।
(4) राष्ट्रीय रजिस्टर भारतीय साक्ष्य अधिनियम, 1872 (1 ऑफ 1872) की धारा 74 के अर्थ में एक सार्वजनिक दस्तावेज होगा।
(5) राष्ट्रीय रजिस्टर को नैतिकता एवं चिकित्सा पंजीकरण बोर्ड की वेबसाइट पर रखकर जनता के लिए उपलब्ध कराया जाएगा।
(6) प्रत्येक राज्य चिकित्सा परिषद निर्दिष्ट इलेक्ट्रॉनिक प्रारूप में राज्य रजिस्टर को बनाए रखेगी और नियमित रूप से अद्यतन करेगी तथा इस अधिनियम के प्रारंभ होने के तीन महीने के भीतर नैतिकता एवं चिकित्सा पंजीकरण बोर्ड को उसकी एक भौतिक प्रति उपलब्ध कराएगी।
(7) नैतिकता एवं चिकित्सा पंजीकरण बोर्ड राष्ट्रीय रजिस्टर और राज्य रजिस्टर के इलेक्ट्रॉनिक सिंक्रोनाइज़ेशन को इस प्रकार सुनिश्चित करेगा कि एक रजिस्टर में कोई भी परिवर्तन दूसरे रजिस्टर में स्वतः ही प्रतिबिंबित हो।
(8) नैतिकता एवं चिकित्सा पंजीकरण बोर्ड एक अलग राष्ट्रीय रजिस्टर ऐसे प्रारूप में रखेगा, जिसमें नाम, पता और धारा 32 में निर्दिष्ट सामुदायिक स्वास्थ्य प्रदाता द्वारा प्राप्त सभी मान्यता प्राप्त योग्यताओं सहित ऐसे विवरण शामिल होंगे, जैसा कि विनियमों द्वारा निर्दिष्ट किया जा सकता है।
(2) राष्ट्रीय रजिस्टर को ऐसे रूप में, इलेक्ट्रॉनिक रूप सहित, ऐसे तरीके से रखा जाएगा, जैसा कि विनियमों द्वारा निर्दिष्ट किया जा सकता है।
(3) राष्ट्रीय रजिस्टर में नाम या योग्यता जोड़ने या हटाने का तरीका और उसे हटाने के आधार ऐसे होंगे जैसे विनियमों द्वारा निर्दिष्ट किए जा सकते हैं।
(4) राष्ट्रीय रजिस्टर भारतीय साक्ष्य अधिनियम, 1872 (1 ऑफ 1872) की धारा 74 के अर्थ में एक सार्वजनिक दस्तावेज होगा।
(5) राष्ट्रीय रजिस्टर को नैतिकता एवं चिकित्सा पंजीकरण बोर्ड की वेबसाइट पर रखकर जनता के लिए उपलब्ध कराया जाएगा।
(6) प्रत्येक राज्य चिकित्सा परिषद निर्दिष्ट इलेक्ट्रॉनिक प्रारूप में राज्य रजिस्टर को बनाए रखेगी और नियमित रूप से अद्यतन करेगी तथा इस अधिनियम के प्रारंभ होने के तीन महीने के भीतर नैतिकता एवं चिकित्सा पंजीकरण बोर्ड को उसकी एक भौतिक प्रति उपलब्ध कराएगी।
(7) नैतिकता एवं चिकित्सा पंजीकरण बोर्ड राष्ट्रीय रजिस्टर और राज्य रजिस्टर के इलेक्ट्रॉनिक सिंक्रोनाइज़ेशन को इस प्रकार सुनिश्चित करेगा कि एक रजिस्टर में कोई भी परिवर्तन दूसरे रजिस्टर में स्वतः ही प्रतिबिंबित हो।
(8) नैतिकता एवं चिकित्सा पंजीकरण बोर्ड एक अलग राष्ट्रीय रजिस्टर ऐसे प्रारूप में रखेगा, जिसमें नाम, पता और धारा 32 में निर्दिष्ट सामुदायिक स्वास्थ्य प्रदाता द्वारा प्राप्त सभी मान्यता प्राप्त योग्यताओं सहित ऐसे विवरण शामिल होंगे, जैसा कि विनियमों द्वारा निर्दिष्ट किया जा सकता है।
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