जमानतीय अपराध
जमानत अधिकार का विषय है। पुलिस थाने का भारसाधक अधिकारी या न्यायालय अभियुक्त को जमानत पर छोड़ेगा यदि वह जमानत देने को तैयार है।
6196 परिणाम · प्रथम अनुसूची, या अधिनियम का अपना वर्गीकरण-उपबंध।
- 82पति या पत्नी के जीवित रहते हुए दोबारा शादी करना।भा.न्या.सं. · 10 वर्षजमानतीयअसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 238अपराध के साक्ष्यों को गायब करना, या अपराधी को बचाने के लिए झूठी जानकारी देना।भा.न्या.सं. · मृत्युदंडजमानतीय
- 248धारा 248. क्षति करने के आशय से अपराध का मिथ्या आरोप ।भा.न्या.सं. · मृत्युदंडजमानतीयअसंज्ञेय
- 249धारा 249. अपराधी को संश्रय देना ।भा.न्या.सं. · मृत्युदंडजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 250धारा 250. अपराधी को दंड से प्रतिच्छादित करने के लिए उपहार आदि लेना ।भा.न्या.सं. · मृत्युदंडजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 251धारा 251. अपराधी के प्रतिच्छादन के प्रतिफलस्वरूप उपहार की प्रस्थापना या संपत्ति का प्रत्यावर्तन ।भा.न्या.सं. · मृत्युदंडजमानतीयअसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 259धारा 259. पकड़ने के लिए आबद्ध लोक सेवक द्वारा पकड़ने का जानबूझकर लोप ।भा.न्या.सं. · मृत्युदंडजमानतीयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 212धारा 212 - अपराधी को संश्रय देनाभा.दं.सं. · मृत्युदंडजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 388धारा 388 - मॄत्यु या आजीवन कारावास, आदि से दंडनीय अपराध का अभियोग लगाने की धमकी देकर उद्दापनभा.दं.सं. · मृत्युदंडजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 389धारा 389 - उद्दापन करने के लिए किसी व्यक्ति को अपराध का अभियोग लगाने के भय में डालनाभा.दं.सं. · मृत्युदंडजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 12शास्तिJharkhand Bovine Animal Prohibition of Slaughter Act, 2005 · 10 वर्षजमानतीयसंज्ञेयसत्र न्यायालय
- 3संपत्ति के संबंध में रिष्टि करने के लिए दंडPrevention of Destruction and Damage to Property Ordinance, 2015 · 10 वर्षजमानतीयसंज्ञेयसत्र न्यायालय
- 32लिंग चयनात्मक सहायक प्रजनन तकनीक।The Assisted Reproductive Technology (Regulation) Act, 2021 · 10 वर्षजमानतीयसंज्ञेयसत्र न्यायालय
- 33अपराध और दंड।The Assisted Reproductive Technology (Regulation) Act, 2021 · 8 वर्षजमानतीयसंज्ञेयसत्र न्यायालय
- 19Application to be accompanied by copy of rent-roll and by specification of previous measurements and record-of rightsThe Estates Partition Act, 1897 · 7 वर्षजमानतीयअसंज्ञेय
- 67पति द्वारा अपनी पत्नी से अलग रहने के दौरान उसके साथ यौन संबंध बनाना।भा.न्या.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयसत्र न्यायालय
- 88जिससे गर्भपात हो जाता है।भा.न्या.सं. · 7 वर्षजमानतीयअसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 93बारह वर्ष से कम आयु के बच्चे को उसके माता-पिता या देखभाल करने वाले व्यक्ति द्वारा छोड़ देना और उसे असुरक्षित छोड़ देना।भा.न्या.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 137अपहरण।भा.न्या.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 229झूठे साक्ष्य प्रस्तुत करने पर दंड।भा.न्या.सं. · 7 वर्षजमानतीयअसंज्ञेय
- 253धारा 253. ऐसे अपराधी को संश्रय देना, जो अभिरक्षा से निकल भागा है या जिसको पकड़ने का आदेश दिया जा चुका है।भा.न्या.सं. · मृत्युदंडजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 254धारा 254. लुटेरो या डाकुओ को संश्रय देने के लिए शास्ति ।भा.न्या.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 257धारा 257. न्यायिक कार्यवाही में विधि के प्रतिकूल रिपोर्ट आदि का लोक सेवक द्वारा अष्टतापूर्वक किया जाना ।भा.न्या.सं. · 7 वर्षजमानतीयअसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 258धारा 258. प्राधिकार वाले व्यक्ति द्वारा जो यह जानता है कि वह विधि के प्रतिकूल कार्य कर रहा है, विचारण के लिए या परिरोध करने के लिए सुपुर्दगी ।भा.न्या.सं. · 7 वर्षजमानतीयअसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 283झूठी रोशनी, चिह्न या बोया का प्रदर्शन।भा.न्या.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 295धारा 295. बालक को अश्लील वस्तुओं का विक्रय, आदि ।भा.न्या.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयकोई भी मजिस्ट्रेट
- 315मृतक व्यक्ति की मृत्यु के समय उसके पास मौजूद संपत्ति का बेईमानी से दुरुपयोग करना।भा.न्या.सं. · 7 वर्षजमानतीयअसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 339धारा 337 या धारा 338 में वर्णित दस्तावेज को अपने कब्जे में रखना, यह जानते हुए कि वह जाली है और उसे असली के रूप में इस्तेमाल करने का इरादा रखना।भा.न्या.सं. · आजीवन कारावासजमानतीयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 341जाली मुहर आदि बनाना या अपने पास रखना, जालसाजी करने के इरादे से, धारा 338 के तहत दंडनीय है।भा.न्या.सं. · आजीवन कारावासजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 344खातों में हेराफेरी।भा.न्या.सं. · 7 वर्षजमानतीयअसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 351आपराधिक धमकी।भा.न्या.सं. · मृत्युदंडजमानतीयअसंज्ञेय
- 193धारा 193 - मिथ्या साक्ष्य के लिए दण्डभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयअसंज्ञेय
- 195Aधारा 195A - किसी व्यक्ति को मिथ्या साक्ष्य देने के लिए धमकानाभा.दं.सं. · मृत्युदंडजमानतीयसंज्ञेय
- 216धारा 216 - ऐसे अपराधी को संश्रय देना, जो अभिरक्षा से निकल भागा है या जिसको पकड़ने का आदेश दिया जा चुका हैभा.दं.सं. · मृत्युदंडजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 216Aधारा 216A - लुटेरों या डाकुओं को संश्रय देने के लिए शास्तिभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 219धारा 219 - न्यायिक कार्यवाही में विधि के प्रतिकूल रिपोर्ट आदि का लोक सेवक द्वारा भ्रष्टतापूर्वक किया जानाभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयअसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 220धारा 220 - प्राधिकार वाले व्यक्ति द्वारा जो यह जानता है कि वह विधि के प्रतिकूल कार्य कर रहा है, विचारण के लिए या परिरोध करने के लिए सुपुर्दगीभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयअसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 259धारा 259 - सरकारी कूटकॄत स्टाम्प को कब्जे में रखनाभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 260धारा 260 - किसी सरकारी स्टाम्प को, कूटकॄत जानते हुए उसे असली स्टाम्प के रूप में उपयोग में लानाभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 281धारा 281 - भ्रामक प्रकाश, चिन्ह या बोये का प्रदर्शनभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 293धारा 293 - तरुण व्यक्ति को अश्लील वस्तुओ का विक्रय आदिभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयकोई भी मजिस्ट्रेट
- 317धारा 317 - शिशु के पिता या माता या उसकी देखरेख रखने वाले व्यक्ति द्वारा बारह वर्ष से कम आयु के शिशु का अरक्षित डाल दिया जाना और परित्यागभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 325धारा 325 - स्वेच्छया घोर उपहति कारित करने के लिए दण्डभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयकोई भी मजिस्ट्रेट
- 330धारा 330 - संस्वीकृति उद्दापित करने के लिए या विवश करके सम्पत्ति का प्रत्यावर्तन कराने के लिए स्वेच्छया उपहति कारित करनाभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 354Cधारा 354C - छिप कर देखनाभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयकोई भी मजिस्ट्रेट
- 363धारा 363 - व्यपहरण के लिए दण्डभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 376Bधारा 376B - लोक सेवक द्वारा अपनी अभिरक्षा में की किसी स्त्री के साथ संभोगभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयसत्र न्यायालय
- 404धारा 404 - ऐसी सम्पत्ति का बेईमानी से दुर्विनियोग जो मॄत व्यक्ति की मॄत्यु के समय उसके कब्जे में थीभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयअसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 433धारा 433 - किसी दीपगॄह या समुद्री-चिह्न को नष्ट करके, हटाकर या कम उपयोगी बनाकर रिष्टिभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
- 435धारा 435 - सौ रुपए का या (कॄषि उपज की दशा में) दस रुपए का नुकसान कारित करने के आशय से अग्नि या विस्फोटक पदार्थ द्वारा रिष्टिभा.दं.सं. · 7 वर्षजमानतीयसंज्ञेयप्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
इनसे संबंधित
कौन-सी संहिता लागू होगी?
प्रक्रिया: 1 जुलाई 2024 को या उसके बाद दर्ज हर मामले पर भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता लागू है; उस दिन पहले से लंबित अन्वेषण, जाँच या विचारण दंड प्रक्रिया संहिता के अधीन चलता रहता है (भा.ना.सु.सं. धारा 531(2)(क))। अपराध: 1 जुलाई 2024 को या उसके बाद किया गया कृत्य भारतीय न्याय संहिता के अधीन, उससे पहले का भारतीय दंड संहिता के अधीन।
