पाठ लगभग अपरिवर्तित है
BSA धारा 157 अब IEA धारा 154 है
पक्षकार द्वारा अपने ही गवाह से प्रश्न पूछना।
पुराना कानून
BSA §157
पक्षकार द्वारा अपने ही गवाह से प्रश्न पूछना।
(1) न्यायालय अपने विवेक से किसी गवाह को बुलाने वाले व्यक्ति को उससे कोई भी प्रश्न पूछने की अनुमति दे सकता है जो विरोधी पक्ष द्वारा जिरह में पूछा जा सकता है।
(2) इस धारा में कोई बात उपधारा (1) के अधीन अनुमति प्राप्त व्यक्ति को ऐसे गवाह के साक्ष्य के किसी भाग पर भरोसा करने से वंचित नहीं करेगी।
पूरा पढ़ें: BSA §157(2) इस धारा में कोई बात उपधारा (1) के अधीन अनुमति प्राप्त व्यक्ति को ऐसे गवाह के साक्ष्य के किसी भाग पर भरोसा करने से वंचित नहीं करेगी।
नया कानून
IEA §154
पक्षकार द्वारा अपने ही साक्षी से प्रश्न
१)न्यायालय उस व्यक्ति को, जो साक्षी को बुलाता है, उस साक्षी से ऐसे प्रश्न करने की अपने विवेकानुसार अनुमा दे सकेगा, जो प्रतिपक्षी द्वारा प्रतिपरिक्षा में किए जा सकते है ।
२)इस धारा की कोई बात, उपधारा (१) के अधीन इस प्रकार अनुज्ञात किए गए व्यक्ति को ऐसे साक्षी के साक्ष्य के किसी भाग का अवलम्ब लेने के हक से वंचित नहीं करेगी ।
पूरा पढ़ें: IEA §154२)इस धारा की कोई बात, उपधारा (१) के अधीन इस प्रकार अनुज्ञात किए गए व्यक्ति को ऐसे साक्षी के साक्ष्य के किसी भाग का अवलम्ब लेने के हक से वंचित नहीं करेगी ।
1 जुलाई 2024 से पहले दर्ज मामलों पर पुराना कानून लागू रहता है। यह जानकारी शैक्षिक है, कानूनी सलाह नहीं।
