पाठ लगभग अपरिवर्तित है
IPC धारा 283 अब BNS धारा 285 है
धारा 283 - लोक मार्ग या नौपरिवहन पथ में संकट या बाधा
पुराना कानून
IPC §283
धारा 283 - लोक मार्ग या नौपरिवहन पथ में संकट या बाधा
लोक मार्ग या नौपरिवहन पथ में संकट या बाधा
जो कोई किसी कार्य को करके या अपने कब्जे में की, या अपने भारसाधन के अधीन किसी सम्पत्ति की व्यवस्था करने का लोप करने द्वारा, किसी लोकमार्ग या नौपरिवहन के लोक पथ में किसी व्यक्ति को संकट, बाधा या क्षति कारित करेगा वह जुर्माने से, जो दो सौ रुपए तक का हो सकेगा, दण्डित किया जाएगा ।
पूरा पढ़ें: IPC §283जो कोई किसी कार्य को करके या अपने कब्जे में की, या अपने भारसाधन के अधीन किसी सम्पत्ति की व्यवस्था करने का लोप करने द्वारा, किसी लोकमार्ग या नौपरिवहन के लोक पथ में किसी व्यक्ति को संकट, बाधा या क्षति कारित करेगा वह जुर्माने से, जो दो सौ रुपए तक का हो सकेगा, दण्डित किया जाएगा ।
नया कानून
BNS §285
सार्वजनिक मार्ग या नौवहन मार्ग में खतरा या अवरोध।
जो कोई भी किसी कार्य को करके, या अपने कब्जे में या अपने प्रभार में किसी संपत्ति के संबंध में व्यवस्था न करने के कारण, किसी सार्वजनिक मार्ग या सार्वजनिक नौवहन मार्ग में किसी व्यक्ति को खतरा, बाधा या चोट पहुंचाता है, उसे पांच हजार रुपये तक के जुर्माने से दंडित किया जाएगा।
पूरा पढ़ें: BNS §2851 जुलाई 2024 से पहले दर्ज मामलों पर पुराना कानून लागू रहता है। यह जानकारी शैक्षिक है, कानूनी सलाह नहीं।
