बीएसए → आईईए
2 प्रविष्टियाँ
सबूत का बोझ।
जो कोई भी किसी न्यायालय से किसी कानूनी अधिकार या दायित्व के संबंध में निर्णय चाहता है जो उसके द्वारा बताए गए तथ्यों के अस्तित्व पर निर्भर करता है, उसे यह साबित करना होगा कि वे तथ्य मौजूद हैं, और जब किसी व्यक्ति को किसी तथ्य के अस्तित्व को साबित करना होता है, तो कहा जाता है कि सबूत का बोझ उस व्यक्ति पर है। चित्र। (क) ए…
पूरा पढ़ेंसबूत का भार
जो कोई न्यायालय से यह चाहता है कि वह ऐसे किसी विधिक अधिकार या दायित्व के बारे में निर्णय दे जो उन तथ्यों के अस्तित्व पर निर्भर है, जिन्हें वह प्राख्यात करता है, उसे साबित करना होगा कि उन तथ्यों का अस्तित्व है । जब कोई व्यक्ति किसी तथ्य का अस्तित्व साबित करने के लिए आबद्ध है, तब यह कहा जाता है कि उस व्यकि पर सबूत का…
पूरा पढ़ेंकिसी तथ्य को साबित करने का भार साक्ष्य को स्वीकार्य बनाने के लिए आवश्यक होता है।
किसी भी तथ्य के संबंध में साक्ष्य देने के लिए आवश्यक किसी भी तथ्य को साबित करने का भार उस व्यक्ति पर होता है जो ऐसा साक्ष्य देना चाहता है। चित्र। (a) A, B द्वारा दिए गए मृत्यु पूर्व बयान को साबित करना चाहता है। A को B की मृत्यु साबित करनी होगी। (ख) ए किसी खोए हुए दस्तावेज़ की विषयवस्तु को द्वितीयक साक्ष्य द्वारा सिद्ध…
पूरा पढ़ेंसाक्ष्य को ग्राह्य बनाने के लिए जो तथ्य साबित किया जाना हो, उसे साबित करने का भार
ऐसे तथ्य को साबित करने का भार जिसका साबित किया जाना किसी व्यक्ति को किसी अन्य तथ्य का साक्ष्य देने को समर्थ करने के लिए आवश्यक है, उस व्यक्ति पर है जो ऐसा साक्ष्य देना चाहता है । दृष्टांत : क)बी द्वारा किए मृत्युकालिक कथन को ऐ साबित करना चाहता है । ऐ को बी की मृत्यु साबित करनी होगी । ख)ऐ किसी खोई हुई दस्तावेज की…
पूरा पढ़ें- BSA §104IEA §101
सबूत का बोझ।
सबूत का भार
- BSA §107IEA §104
किसी तथ्य को साबित करने का भार साक्ष्य को स्वीकार्य बनाने के लिए आवश्यक होता है।
साक्ष्य को ग्राह्य बनाने के लिए जो तथ्य साबित किया जाना हो, उसे साबित करने का भार
